Latest News

Tuesday, 12 April 2016

आगरा में सोने की बनी इस मूर्ति पर 69 साल से पोती जा रही कालिख



आगरा। ब्रिटिश शाही जोड़ा प्रिंस विलियम और प्रिंसेज केट 16 अप्रैल को ताजनगरी पहुंच रहे हैं। ऐसे में यहां सड़क किनारे रखी अरबों रुपए की महारानी विक्‍टोरिया की मूर्तियां फिर चर्चा में आ गई हैं। अंग्रेजों की गुलामी के दौर में अष्‍ठधातु से निर्मित इन मूर्तियों का रसूख हुआ करता था।


लेकिन पिछले 69 साल से (देश आजाद होने के बाद) इन मूर्तियों पर कालिख पोतने का सिलसिला जारी है। कई लोग इसे गुलामी का बदला भी कहते हैं। भास्कर की रिपोर्ट के अनुसार विक्टोरिया शासन की स्वर्ण जयंती 1905 में ताजमहल और आगरा किला के बीच के पार्क में 11 फीट ऊंची मूर्तियां लगाई गईं थीं। मूर्तियों में महारानी विक्‍टोरिया, उनका धर्म रक्षक और सेनापति है।

उस समय जॉर्ज पंजम और उनकी पत्‍‌नी ने पार्क का उद्घाटन और प्रतिमाओं का अनावरण किया था।  तभी से पार्क को विक्‍टोरिया पार्क का नाम दिया गया। इतिहासकार राजकिशोर राजे कहते हैं, उस समय पार्क का बड़ा रसूख हुआ करता था। इसकी सुरक्षा विशेष अंग्रेज अफसर करते थे। अष्‍ठधातु की बनी 11 फीट की मूर्ति की कीमत आज अरबों रुपए है। इसका आठवां हिस्‍सा सोने का है।

No comments:

Post a Comment

Tags

Recent Post